गोआर समाज की उत्पत्ति

(विभिन्न मत) गौर बंजारा पूरी दुनिया को दो वर्गों में विभक्त करता है। गौर अ{आर–बंजारा) अपने आप को गौर कहता है और दूसरों को कौर कहता है। गौर बंजारा कोई विशेष जाति नहीं, बल्कि एक सप्रदाय है । सम्पूर्ण बंजारा सप्रदाय को भारतवर्ष की चारों दिशाओं में गौर बंजारा प्रांत और व्यवसाय के नाम से…

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Kasinath Naik Gorsikwadi

Kashinath Hulba Rathod NAYAK, GOR SIKWADI

“गोर छा गोर करीया, मुयी मटीन सरजीत करीया, भाया तारो बोल खरो करीया !!! ” In any “Gor Sikwadi” program if you will see a very confident person with a cheerful smile on his face then yes he is Gor Sikwadi’s Nayak. In year 1998 Nayak Ji started “Gor Sikwadi” movement to achieve a dream…

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लाखा बळद (हूंडा) कवी: निरंजन मुडे

 *लाखा बळद (हूंडा)* 🐮 दि.८/१/२०१८ लाख मोलेरो लाखा बळद तू, लाखेमायी वकरो ! गावडीर दूद पीलेन तू, छेळीरे आंग झूकरो…. लाखेती कमायवाळो लाखा, लाख रपीयाम वकगो ! लखलख वजाळेमायी, पालडा तारो झूकगो…. हेकाड मारो लाखारे तू, आबं जरा सदरजो ! हूंडा नामेर पेरणी वेरी, सरळ तासेप आजो….. याडी-बापेर लाल तू, लाखेमायी येकं ! वकोवकाय बळद…

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​!!बेटी बचावो!!  बंजारा बोली कविता, कवी: सुरेश मं.राठोड़  

!!बेटी बचावो!!  बंजारा बोली कविता, कवी: सुरेश मं.राठोड़  काटोल नागपूर कोई केरी छेनी जगेमं..? सासरो देरे पगं-पगेमं…..!!धृ!! बेटी जन्म पाप केराव ..! बेटा सारु नवस कराव.!! कोई बेटीन वेचन खाव..!!! वाली छेनी जगेमं……..!!१!!               सासरो देरे पग-पगेमं… बेटा-बेटी एकसमानं..! तो बी बेटीरो कर अपमान!! मारं गर्भेमं फासी लगान..!!! पाप…

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गोर बंजारा समाजातील साहित्याचे

गोर बंजारा समाजातील साहित्याचे लेखन कार्य ज्या-ज्या विचारवंतांनी केलेले आहे, त्या साहित्याचे वाचन केले असता, बंजारा (लमाणी) समाजाविषयी आपले विचार मांडावेअशी उत्कंठा मनात निर्माण झाली आणि सध्या चालत असलेले धनगर व बंजारा समाजाचे समायोजन (एस.टी.) आदिवासी समाजाच्या आरक्षणात केले जावे, अशी मागणी धनगर समाज प्रस्थापित राजकीय लोकांची कास धरुन करीत आहे. देशात मोदी यांचे सरकार…

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💐💐समरपन💐💐

💐💐समरपन💐💐 हें गोरूरो जीवन दाता सत्गुरू सेवालाल महाराज. तु दाता छी गोरूरो, सेरो पालन हार. नान मोट गोर बंजारार मुंन्डेम बापु तारो छ नाम. तिन लोक नौ कंन्डेमा सेवाभाया तारो लिला छ अप्रंमपार. तार कुर्पा ति से, भव सागर से पार. गोर गरिबुरो सरकार तु, बापु तु सारी जग्गेरो पालन हार. प्रम पिता प्रमात्मा, से…

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Hanuman jayanti ki subhekshya,-BBBSS

चीर के छाती बोले अपनी… पवन पुत्र हनुमान.. मेरे तन में बसे हे राम मेरे मन में बसे हे राम. आप सभी को श्री हनुमान जयंती की हार्दिक शुभकामनाएँ .      09448732367       08976305533

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चिरौंजी [Calumpang -nut -Tree ]

चिरौंजी के पेड़ भारत के पश्चिम प्रायद्वीप एवं उत्तराखण्ड में 450 मीटर की ऊँचाई तक पाया जाता है , महाराष्ट्र , नागपुर और मालाबार में अधिक मात्रा में पाये जाते हैं | इसके वृक्ष छाल अत्यन्त खुरदुरी होती है इसलिए संस्कृत में खरस्कन्द तथा इसकी छाल अधिक मोटी होती है ,इसलिए इसे बहुलवल्कल कहते हैं…

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Part 3- Sant Sri Sevalal Maharaj History

They were received with all courtesies and according to customs. The engagement function as arranged as per the castoms of banjaras. As per our customs Ramji Naik paid Rs. 80/- towards the Karar (agreement of marraige) and fixed the date of marriage Goram Naik treated the guests lavishly. Ramji Naik and his followers were very…

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