“बंजारा संस्कृती होळी लेंघी” – Banjara Holi Song
पेली समरंण करलो गणपतरो, पेली समरंण… पेली तो समरंण,धरती मातान,पेली तो समरंण,धरती मातान…. उतो नवखंड बोजा वटाई मातारे,पेली समरण,पेली समरण… दुसरो समरण माता पितान र,दुसरो समरण माता पीतानर…. ओतो दूनीया वताय छ,आपणेन रे, पेली समरण करलो गणपत रो…. तिसरो समरण चांदा सुर्यान र, तिसरो समरण चांदा सुर्यान र…. ओ तो वजाळो दीने चारी खंडेनर, पेली…