“आरक्षण सिर्फ एक दिखावा”

“आरक्षण सिर्फ एक दिखावा” भाईयों जय सेवालाल👏 बंजारा समाज के मेरे समाज बंधुओं को नम्र विनंती हैं। के सरकारी नौकरी या सरकार के आरक्षण के भरोसे अपने समाज मे बेकारी बढरही हैं। क्यों की VJNT के नामपर सिर्फ 2.5 % आरक्षण दिया गया हैं। लेकिन वोह 2.5 % मे14 जाती के साथ दिया गया आरक्षण…

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Kailash D. Rathod

“और कब तक जिना है गुलामी के साथ” अंग्रेजो की गुलामी टूट सकती है, मुसलमान की गुलामी टूट सकती है, हिंदु की गुलामी टूट सकती है; गुलामी नयी शक्लों में फिर से खड़ी हो जाती है. पुरानी की पुरानी गुलामी फिर सिंहासन पर बैठ जाती है. हां, इतना फर्क पडता है कि पुरानी गुलामी से…

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Part -12- ANCIENT HISTORY OF GOR BANJARAS

Rajasthani Dhundh Song हरि हरि हरियो …ले ज्यू ज्यू चम्पा लहरि यो.. हरि… एडियो रा ऐडा खेडा कमली गाय कमली गाय… बाहर भोजन चरता जाय… चरता चरता मांगे हिंग एतरा हुओ रे एतरा हुओ।  [Festival Songs of Rajasthan by Dr. Jagmalsingh, page 29] The birthday boy is blessed after this ritual and the following song…

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Banjara Diwali Mera - Mangali

​!!●●दवाळी●●!!- Dawali (गोरमाटी कवीता, कवी: सुरेश मंगुजी राठोड़)

!!●●दवाळी●●!! (Dawali) दवाळीर दिवा लागरेते घर-घर मार याड़ी देखरीती घड़ी-घड़ी वर-पर….!!१!! परभातीजं बापं चलगोतो हाटेनं आंधारेम याड़ी टकरीती वाटेनं……!!२!! आब आय पच आय याड़ी वाट जोवरीती मनेम कड़ापो ओन गरीबी भोवरीती….!!३!! कटाळन याड़ी केयेलागी मनं जोनी भिकीया घरं आजो विचारनं…….!!४!! भिकीयारं बी हालत मारजं नाई वेत्ती ओरे बी घरेरं बत्ती गुल वेत्ती…….!!५!! दवाळीरे दन याड़ी…

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 बहुजन बंजारा आब तरी जाग , आब तरी जाग ! १९५२ ती एकच तारी मांग !

 बहुजन बंजारा आब तरी जाग , आब तरी जाग ! १९५२ ती एकच तारी मांग ! गुजरात , महाराषटर, एम .पी छतीसगड राजसथानेम ये दिने छ टांग ! आंघ हे तो साप ! आब बेसगो छ नाग ! मिठो बोलन ई परारोछ सारीन भांग ! आब तरी जाग ! आब तरी जाग ! आब…

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जागो और जगावो – गोर गजानन डी.राठोड

दोस्तों  कोई अगर समाज की  एकता  केलिए। अगर अपने  समय में  से थोडा  समय  निकालकर  समाज के लिए कुछ करना चाहता  है। तो उसे प्रोत्साहन  देने  की बजाय  हम उनके  ही पैर खिचते है। ऐसा क्यों? दोस्तों…! क्या  यह गलत बात नहीं है? जिस  दिन  समाज के  सारे भाईयों की सोच एक जैसी  होगी  ऊस…

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Ramsing Bhanavat jayanti 2016

पद्मश्री रामसिंग भानावत जयंती निमित्त विविध कार्यक्रम

मुंबई (प्रतिनिती) देशभरात पहिले बंजारा समाज सुधारक म्हणून ओळख असलेले व भटक्या विमुक्त समाजातील पहिले पद्मश्री पुरस्कारप्राप्त रामसिंगजी भानावत यांच्या १५ आॅगट रोजी असलेल्या ११० व्या जयंतीनिमित्त मुंबई, ठाणेसह राज्यभरात विविध संघटनांकडून कार्यक्रमांचे आयोजन करण्यात आले आहे. बंजारा नाका कामगार संघटनेच्या वतीने मुंबई, ठाणे आणि नवी मुंबईतील विविध कामगार नाक्यांवर सकाळी भानावत यांच्या जयंतीनिमित्त अभिवादन…

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भिया तूतो वेगो साहेब पण मार काई रे..

भिया भिया तूतो वेगो साहेब पण मार काई रे……………. एके बापुर आपण सगे भाई तोन शाळाम मन काडे खेते माइ, तार पग फडसिपर मार कीचड़े माइरे भिया तुतो वेगो साहेब पण.. शिक्षणे बरोबर तारो बदलतो रूप, गावड़ीर घियेन तू केयेलागो तूप, आपण याडी तारेसारु वेगी आई रे…भिया तुतो वेगो.. साहेबेरी छोरी मळी तोन मार वाहिनी,…

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